आज के एक्स्ट्रा कवर में इसी मुद्दे को विस्तार से समझते हैं कि कैसे बेहद कमजोर स्थानीय नेतृत्व के चलते उत्तराखंड को एक प्रयोगशाला में बदल दिया गया है. ऐसी प्रयोगशाला जहां वो तमाम प्रयोग एक-एक कर किए जा रहे हैं जिन्हें राष्ट्रीय स्तर पर करने में केंद्र सरकार संशय में रहती है कि जनता की प्रतिक्रिया कैसी होगी. इसलिए उत्तराखंड की जनता को गिनिपिग बना दिया गया है और हम पर परीक्षण करते हुए इन राजनीतिक फ़ैसलों की प्रतिक्रियाएँ मापी जा रही है. ये उत्तराखंड प्रदेश और यहां के लोगों के कितना ख़तरनाक है इसे एक-एक कर समझते हैं.